Follow

मुख्यमंत्री ने सिंचाई व्यवस्था पर विशेष ध्यान देते हुए 6446.57 करोड़ किए आवंटित

Listen to this article

हरियाणा में सिंचाई व्यवस्था को नया बल, जल प्रबंधन पर बड़ा बजट आवंटित 

न्यूज़म ब्यूरो

चंडीगढ़, 2 मार्च : हरियाणा की रीढ़ माने जाने वाले कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के उद्देश्य को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पेश किए गए बजट में सिंचाई व्यवस्था पर विशेष ध्यान देते हुए 6446.57 करोड़ आवंटित किए है, जोकि पिछले वित्तवर्ष से 14.83 प्रतिशत ज्यादा है।

Advertisement

मुख्यमंत्री ने बजट सत्र के दौरान ने सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़ा रोडमैप पेश किया। उन्होंने कहा कि पानी का सही प्रबंधन ही आने वाले समय में खेती और प्रदेश की अर्थव्यवस्था की असली ताकत बनेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि 2026-27 में 1500 किलोमीटर नहरों की लाइनिंग के पुनर्वास किया जाएगा। जिसमें भाखड़ा मेन ब्रांच, सिरसा ब्रांच, एनबीके लिंक चैनल, भालोट सब ब्रांच तथा हाबरी सब ब्रांच सहित लगभग 70 अन्य नहरें शामिल है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2031 तक पूरे प्रदेश में एक भी नहर ऐसी नहीं होगी जिसकी लाइनिंग का पुनर्वास शेष रह जाएगा।

उन्होंने कहा कि पर ड्रॉप मोर क्रोप प्रोग्राम के अंतर्गत ड्रिप एवं स्प्रिंकलर सिंचाई प्रणालियों को प्रोत्साहन देने के लिए वर्ष 2026-27 में 1.25 लाख एकड़ अतिरिक्त क्षेत्र को शामिल किया जाएगा। साथ ही, 2,200 नए आन फार्म वाटर टैंक बनाए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, पूरे प्रदेश की सभी पंचायतों से आग्रह करके हर जिले में कम से कम 100 गांवों में 2 से 10 एकड़ पंचायती भूमि पर ग्राम पंचायत को अनुदान राशि तथा एचडब्लयूआरए के सहयोग से वाटर बॉडीज बनेंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा जल संसाधन प्राधिकरण (HWRA) अति-दोहित क्षेत्रों में जल दोहन को नियंत्रित करने के साथ-साथ शुल्क से प्राप्त राशि का उपयोग नई जल संरचनाओं एवं वर्षा जल संचयन हेतु करता है। वर्ष 2026-27 में एचडब्लयूआरए द्वारा 125 करोड़ रुपये की नई जल संरचनाओं के लिए आवंटित किया है।

इसके साथ ही जल के कुशल एवं समान वितरण के लिए स्काडा प्रणाली हथनीकुंड बैराज तथा जेएलएन पम्प हाउस, सालावास की स्थापना की जा चुकी है तथा 180 स्थानों पर रियल टाइम डाटा एक्यूसिसेएशन सिस्टम (RTDAS) कार्यरत है। इन आधुनिक संचालन तकनीकों

नहरों और 620 खालों का सुधार किया जाएगा, ताकि पानी सीधे और सुचारु रूप से खेतों तक पहुंचे।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रदेश की लगभग 2 लाख एकड़ भूमि जलभराव की समस्या से प्रभावित है। सरकार ने इस जमीन को जल निकासी सुधारकर फिर से खेती योग्य बनाने का लक्ष्य रखा है।

 

बजट में हरियाणा में पानी और सीवरेज ढांचे को मजबूत करने पर जोर

महाग्रामों में 135 लीटर प्रति व्यक्ति पानी, 150 किमी नई सीवर लाइन और ट्रीटेड वॉटर नीति लागू होगी

हरियाणा को बेहतर पेयजल और सीवरेज सुविधाओं वाला राज्य बनाने के लिए सरकार ने इस साल पब्लिक हेल्थ विभाग के लिए 5912.02 करोड़ रुपये का बजट रखा है। सदन में इस बारे में बोलते हुए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि साफ पानी और मजबूत सीवरेज व्यवस्था सीधे जनता के स्वास्थ्य से जुड़ा विषय है और इसमें कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि यह राशि पिछले साल के संशोधित अनुमान 5469.22 करोड़ से 8.10 प्रतिशत अधिक है। उनका कहना था कि सरकार ने तय किया है कि पानी की सप्लाई और गंदे पानी के निपटान की व्यवस्था को अगले स्तर पर ले जाया जाएगा।

ग्रामीण इलाकों को लेकर उन्होंने कहा कि महाग्राम योजना के तहत 10 बड़े गांवों गंगवा, फरल, फतेहपुर, सीसवाल, सिवान, ढांड, दलालाना, चुलकाना, धोज और जमालपुर में पेयजल आपूर्ति 55 लीटर प्रति व्यक्ति प्रतिदिन से बढ़ाकर 135 लीटर की जाएगी। उन्होंने कहा कि गांवों को भी शहरों जैसी सुविधाएं मिलनी चाहिए।

शहरी क्षेत्रों की ओर ध्यान दिलाते हुए मुख्यमंत्री ने 150 किलोमीटर नई सीवर लाइन बिछाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि कई शहरों में पुरानी सीवर लाइनें दबाव झेल नहीं पा रही हैं, इसलिए उनका विस्तार और नवीनीकरण दोनों जरूरी है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ट्रीटेड वॉटर के उपयोग को लेकर भी साफ लक्ष्य रखा। उन्होंने कहा कि उद्योगों, बिजली संयंत्रों और सिंचाई में साफ किए गए पानी के इस्तेमाल को बढ़ाया जाएगा। सरकार ने 31 दिसंबर 2028 तक गैर-पीने योग्य उपयोगों के लिए 100 प्रतिशत रिसाइकल्ड वॉटर के इस्तेमाल का लक्ष्य रखा है।

उन्होंने बताया कि प्रदेश में 4,134 वाटर वर्क्स टैंक हैं। कई जगहों पर भूजल ऊपर आने से संरचनाएं प्रभावित हुई हैं। ऐसे में 446 टैंकों को आरसीसी लाइनिंग में बदलने के लिए चिन्हित किया गया है। वर्ष 2026-27 में हिसार, रोहतक, झज्जर, भिवानी और चरखी दादरी जिलों के 44 टैंकों को आरसीसी लाइनिंग में बदला जाएगा।

What are your Feelings
Advertisement
Tap to Refresh