आने वाला समय निश्चित रूप से स्वदेशी उत्पादों का ही होगा : मुख्यमंत्री नायब सैनी
पंचकूला, 23 नवंबर। पंचकूला में दिसंबर माह को सांस्कृतिक और स्वदेशी उत्सव के रंगों से भरने की तैयारियाँ शुरू हो गई हैं। स्वदेशी जागरण मंच द्वारा आयोजित किए जाने वाले स्वदेशी मेला 2025 का पोस्टर रविवार को हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के प्रचारक प्रेम गोयल एवं स्वदेशी जागरण मंच के उत्तर क्षेत्र संयोजक डॉ राजेश गोयल ने जारी किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री के ओ.एस.डी वीरेंद्र बढ़खालसा, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता, स्वदेशी मेला के संयोजक रजनीश गर्ग, जिला संयोजक अरुण गर्ग उपस्थित रहे।
यह मेला 19 दिसंबर से 28 दिसंबर 2025 तक शालीमार ग्राउंड (दशहरा मैदान) में आयोजित होगा। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि स्वदेशी का प्रचार अब पूरे देश में नई चेतना के साथ आगे बढ़ रहा है और आने वाला समय निश्चित रूप से स्वदेशी उत्पादों का ही होगा। सीएम सैनी ने कहा कि स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देना आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में सबसे महत्वपूर्ण कदम है।
इस मौके पर मौजूद विशिष्ट अतिथि तथा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े रहे प्रेम गोयल ने भी स्वदेशी अभियान को आगे बढ़ाने का आह्वान करते हुए कहा कि स्वदेशी का मार्ग ही भारत को आत्मनिर्भरता की ओर ले जाता है। स्वदेशी जागरण मंच के उत्तर क्षेत्र संयोजक डॉ राजेश गोयल ने बताया कि यह मेला केवल प्रदर्शनी नहीं बल्कि समाज को संस्कृति, परंपरा, शिक्षा, स्वास्थ्य और राष्ट्रभक्ति से जोड़ने वाला विशाल आयोजन होगा। यह उत्सव संपूर्ण समाज को स्वदेशी भाव से ओत प्रोत करने का अवसर बनेगा।
इस मौके पार ओ.एस. डी .वीरेंद्र बढ़खालसा जी ने अपने स्वदेशी गीत को गाया एवं कविता भी सुनाई और हरियाणवी गायक गजेंदर फोगट जी का स्वदेशी गीत की भी शुरुआत की गई।
स्वदेशी अभियान के बारे में बताते हुए आयोजकों ने कहा कि स्वदेशी का प्रचार पिछले कई महीनों से पूरे हरियाणा में लगातार चल रहा है। गांव-गांव और शहर-शहर में जनजागरूकता अभियान चलाया गया है। इसी कड़ी में भव्य रथ यात्रा भी निकाली गई थी, जो हरियाणा के विभिन्न इलाकों से होकर गुज़री और जहाँ भी पहुँची, स्थानीय लोगों ने स्वदेशी संकल्प के साथ उसका भव्य स्वागत किया।
मेले का उद्घाटन 19 दिसंबर को शाम 4 बजे होगा। 20 दिसंबर को योग शिविर और पंजाबी झंकार कार्यक्रम होंगे। 21 दिसंबर को निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर, स्वदेशी संकल्प महायज्ञ और “नारी तू नारायणी” कार्यक्रम होगा। 22 दिसंबर को “रामानुजन दिवस” और शाम को “एक शाम वीरांगनाओं के नाम” आयोजित होगी। 23 दिसंबर को किसान सम्मेलन और सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ होगा। 25 दिसंबर को रक्तदान शिविर, तुलसी पूजन और “एक शाम अटल जी के नाम” कवि सम्मेलन होगा। 26 दिसंबर को वीर बाल महोत्सव आयोजित किया जाएगा। प्रतिदिन सुबह और शाम भारत माता की विशेष आरती भी प्रमुख आकर्षण होगी।
अरुण गर्ग और राजेश गोयल ने बताया कि मेले में स्वदेशी रोजगार मेला, उद्यमिता प्रोत्साहन दिवस, युवा महोत्सव, बच्चों की प्रतियोगिताएँ, एक शाम सनातन के नाम, पंजाबी नाइट, हरियाणवी नाइट, भोजपुरी स्टार नाइट, जन स्वास्थ्य जागरूकता दिवस, विचार गोष्ठियाँ, संतों के प्रवचन, “पंचकूला गौरव दृ प्रेरक व्यक्तित्व” सम्मान, कला मंडप, भोजन प्रांगण, मनोरंजन झूले, सेल्फी प्वाइंट, बच्चों का खेल क्षेत्र, भारत माता का मंदिर और सेवा मंडप सहित अनेक आकर्षण होंगे।
स्वदेशी जागरण मंच ने पंचकूला सहित आसपास के सभी क्षेत्रों के नागरिकों से अपील की है कि वे स्वदेशी का संदेश अपनाते हुए इस महोत्सव में शामिल हों और देश की संस्कृति तथा स्थानीय स्वदेशी उत्पादों को सशक्त बनाने में योगदान दें।