Follow

इंडस्ट्री-एकेडीमिया होंगे एक मंच पर, इनोवेशन व टेक्नोलॉजी ट्रांसफर पर होगी चर्चा

एकेडमिया से इंडस्ट्री को टेक्नोलॉजी ट्रांसफर हो और आमजन को इसका फायदा मिले, इसे पुख्ता करने के लिये आगामी 14 नवंबर से 17 नवंबर तक सेक्टर 17 के परेड ग्राउंड में मैक्मा एक्सपो: 2025 शुरू होने जा रही है। पंजाब यूनिवर्सिटी का डीएसटी टेक्नोलॉजी इनेबलिंग सेंटर बतौर टेक्नोलॉजी पार्टनर इसमें हिस्सा ले रहा है। इंडस्ट्री को अपनी हर समस्या का रियल टाइम सॉल्यूशन मिल सके और एकेडमिया ने जो खोज या शोध कर नया इनोवेशन किया है, उसके खरीददार मिल सकें, इस एक्सपो के जरिये यह सब होने जा रहा है। पीयू का डीएसटी टेक्नोलॉजी इनेबलिंग सेंटर इस एक्सपो के जरिये यहां मीडिएटर की भूमिका में रहेगा।
Listen to this article
सेक्टर 17 के परेड ग्राउंडृ में 14 से 17 नवंबर तक मैक्मा एक्सपो:2025 का होने जा रहा आयोजन
 
 
चंडीगढ़, 4 नवंबर
 
एकेडमिया से इंडस्ट्री को टेक्नोलॉजी ट्रांसफर हो और आमजन को इसका फायदा मिले, इसे पुख्ता करने के लिये आगामी 14 नवंबर से 17 नवंबर तक सेक्टर 17 के परेड ग्राउंड में मैक्मा एक्सपो: 2025 शुरू होने जा रही है। पंजाब यूनिवर्सिटी का डीएसटी टेक्नोलॉजी इनेबलिंग सेंटर बतौर टेक्नोलॉजी पार्टनर इसमें हिस्सा ले रहा है। इंडस्ट्री को अपनी हर समस्या का रियल टाइम सॉल्यूशन मिल सके और एकेडमिया ने जो खोज या शोध कर नया इनोवेशन किया है, उसके खरीददार मिल सकें, इस एक्सपो के जरिये यह सब होने जा रहा है। पीयू का डीएसटी टेक्नोलॉजी इनेबलिंग सेंटर इस एक्सपो के जरिये यहां मीडिएटर की भूमिका में रहेगा।
 
 
 
सेंटर के कोर्डीनेटर प्रो. मनु शर्मा ने बताया कि एजूकेशनल इंस्टीच्यूशंस व यूनिवर्सिटियों में एकेडमिक्स से जुड़े लोग बेहतरीन काम कर रहे हैं। समस्या ये रहती है कि इस काम को आगे कैसे ले जाया जाए। देश-दुनिया तक कैसे पहुंचाया जाए ताकि उन्हें भी इस खोज या शोध का लाभ मिल सके। इसी उद्देश्य से यह मैक्मा एक्सपो 2025 आयोजित की जा रही है जहां 250 से भी ज्यादा कंपनियां न केवल अपने नए इनोवेशन को प्रदर्शित करेंगी बल्कि उनसे एकेडमिया के इनोवेशन को लेकर भी बातचीत होगी। यह एक्सपो न केवल इंडस्ट्री जगत से जुड़े लोगों के लिये लाभकारी है बल्कि टीचिंग से जुड़े शोधर्थियों या नया इनोवेशन तैयार करने वाले एकेडीमिया के लिये भी उतनी ही फायदेमंद है। तीसरा सबसे बड़ा फायदा इसका स्टूडेंट्स को मिलेगा जो इन नई इनोवेशन के जरिये जान सकेंगे कि किस तरह के और किस दिशा में उन्हें प्रयास करने है ताकि जो इंडस्ट्री और एकेडमिक्स के बीच का बड़ा गैप है उसे पूरा किया जा सके और इंडस्ट्री की रूपरेखा के अनुरूप खुद को तैयार किया जा सके।
 
 
 
प्रो. मनु ने बताया कि करीब 250 कंपनियों के स्टॉल इस एक्सपो में लगेंगे। इवेंट प्रमोशन का यह बेहतरीन मंच रहेगा। खासतौर से कंपनियों के इनोवेशन लोगों के सामने आ सकेंगे जिन्हें आने वाले समय में मार्केट में उतारा जा सकता है।         
 
 
 
इंजीनियरिंग इत्यादि के स्टूडेंट्स जो अपना स्टार्टअप शुरू करना चाहते हैं, इस मैक्मा एक्सपो से एक लीड हासिल कर सकते हैं। इस एक्सपो में एयरो-स्पेस एंड डिफेंस, एग्रीकल्चर मशीनरी एंड इक्विपमेंट्स, ऑटोमेटिव मनुफैक्चरिंग एंड ऑटो कंपोनेंट्स, बायो-टेक्नोलॉजी, इंलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रिोनिक्स, हैंड टूल्स एंड फास्टनर्स, इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन, इंस्टीच्यूट्स एंड इंडस्ट्री एसोसिएशंस, मशीन टूल्स, मशीनरी, मेडिकल डिवाइसेज, पैकेजिंग, फार्मा इंडस्ट्री, प्लास्टिक मशीनरी एंड टूल्स, रेलवे इंडस्ट्री, टेक्सटाइल इंडस्ट्री, गवर्नमेंट आर्गेनाइजेशंस के अलावा कंसलटेंट मौजूद रहेंगे। फार्चयून एग्जीबिटर्स प्राइवेट लिमिटेड के सहयोग से यह एक्सपो लगाई जा रही है।
 
 
 
सेंटर से जुड़े प्रो. रूपिंदर तिवारी ने बताया कि इस एक्सपो का मूल उद्देश्य एकेडीमिया से इंडस्ट्री को टेक्नोलॉजी ट्रांसफर करना है। प्रो. मनु व प्रो. तिवारी ने बताया कि पहला सेशन ‘अवेयरनेस अबाऊट इंडस्ट्री 4.0’ के बारे होगा जिसमें इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को डिजिटिलाइजेशन के बारे बताया जाएगा ताकि बेहतर मनुफैक्चरिंग हो सके और ज्यादा आउटपुट मिल सके। दूसरे सत्र में इंडस्ट्री अपनी समस्याओं के बारे पूछेगी जिसका निदान देने की कोशिश उन्हें यहां की जाएगी। एकेडीमिया से जुड़े लोग यह साल्यूशन उन्हें उपलब्ध करायेंगे। बी-टैक, एम-टैक व पीएचडी के स्टूडेंट्स यहां अपने प्रोजेक्ट का डिस्पले कर सकेंगे। कई यंग इनोवेटर्स अपने स्टार्टअप भी इंडस्ट्री की चुनौतियों के बीच लांच करेंगे। तीसरा विषय टेक्नोलॉजी ट्रांसफर का रहेगा। एकेडीमिया से जुड़े साइंटिस्ट इंडस्ट्री रेडी टेक्नोलॉजी जिनका टैक ट्रांसफर हो सकता है दिखाएंगे। डीएसटी-टैक दोनों पार्टनरों के बीच आदान प्रदान और उनकी संतुष्टि कराने का काम करेगा। इंडस्ट्री एकेडीमिया पॉलिसी फार दी स्टेट आफ पंजाब एंड यूटी चंडीगढ़ की फाउंडेशन तैयार करने के लिहाज से एक राउंड टेबल डिसकशन भी कराई जा रही है। इसमें इंडस्ट्री, एकेडीमिया, ब्यूरोक्रेट्स के अलावा पॉलिसी मेकर्स शिरकत करेंगे।
What are your Feelings
Advertisement
Tap to Refresh