बंद कमरों की बजाय पंजाब के बाढ़ पीड़ितों के बीच जाकर प्रेस कॉन्फ्रेंस करें सैनी, जनता खुद सच बता देगी : पन्नू
जिस पंजाब की रेत पॉलिसी की तारीफ हरियाणा की विधानसभा में हुई, उसे बदनाम करना बंद करें सैनी : पन्नू
न्यूज़म ब्यूरो
चंडीगढ़ 17 जनवरी : आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के स्टेट मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा पंजाब मैम बाढ़ प्रभावितों के मुआवजे को लेकर दिए गए बयान पर पलटवार किया है। पन्नू ने सैनी के आरोपों को 'झूठ का पुलिंदा' करार देते हुए कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री को पंजाब की चिंता करने के बजाय केंद्र सरकार से पंजाब के बकाये का हिसाब मांगना चाहिए।
पन्नू ने कहा की सैनी साहब आप खुद एक सूबे के मुख्यमंत्री हैं लेकिन हरियाणा से ज्यादा पंजाब के दौरों पर रहते हैं। बेहतर होता कि बयानबाजी से पहले आप धरातल पर जाकर पता करते। पंजाब सरकार ने बाढ़ प्रभावित एक-एक परिवार को मुआवजा दिया है। चाहे वे टूटे हुए घर हों, मारे गए पशु हों या किसी परिवार में हुई दुखद मौत,पंजाब सरकार ने हर पीड़ित का हाथ थामा है।
केंद्र पर निशाना साधते हुए पन्नू ने सवाल किया कि पंजाब दौरे के समय प्रधानमंत्री ने बाढ़ राहत के लिए जिस 1600 करोड़ रुपये की 'टोकन मनी' का ऐलान किया था, वह कहाँ है? जब केंद्र ने टोकन के पैसे ही नहीं भेजे, तो बाकी मदद की उम्मीद क्या की जाए? केंद्र का पंजाब विरोधी चेहरा सबके सामने बेनकाब हो चुका है।
पन्नू ने कहा कि अगर सैनी साहब को प्रेस कॉन्फ्रेंस ही करनी है, तो बंद कमरों के बजाय बाढ़ प्रभावित लोगों के बीच जाकर करें। वहां की जनता आपको बताएगी कि मुश्किल समय में किसने उनकी हाथ थामा है। उन्होंने कहा कि आपकी अपनी विधानसभा में पंजाब सरकार की 'जिसका खेत, उसकी रेत' पॉलिसी की तारीफ हुई है, जो किसानों के हित में एक क्रांतिकारी कदम है।
पन्नू ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पंजाब और पंजाबियों ने हमेशा अपने दम पर मुसीबत का सामना किया है। पंजाब सरकार हर पंजाबी के बुरे वक्त में उनकी साथ खड़ी रही है। पंजाब को मदद या नसीहत के लिए आप जैसे नेताओं की जरूरत नहीं है। आप नेता ने कहा कि सैनी साहब आपको अपनी ऊर्जा हरियाणा की समस्याओं को सुलझाने और केंद्र से पंजाब का बकाया दिलाने में लगानी चाहिए, न कि गुमराह करने वाली बयानबाजी में।
पढ़ने के लिए धन्यवाद
आपका समय और भरोसा हमारे लिए बहुत मायने रखता है। अगर यह खबर आपके लिए उपयोगी रही, तो हमसे जुड़े रहें — हर ज़रूरी खबर के लिए Newsam को फ़ॉलो करें।