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नारी शक्ति वंदन अधिनियम से नीति निर्माता बनेगी आधी आबादी : आरती राव

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नारी शक्ति वंदन अधिनियम से महिला नेतृत्व में विकास का नया दौर शुरू होगा : आरती राव

प्रेसवार्ता के दौरान स्वास्थ्य मंत्री आरती राव ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को मोदी सरकार का ऐतिहासिक, क्रांतिकारी और दूरदर्शी कदम बताया

नायब सैनी सरकार प्रधानमंत्री मोदी के नक्शे कदम पर चल रही है, लाड़ो लक्ष्मी योजना हरियाणा की महिलाओं के लिए बड़ा उपहार है : आरती राव  

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डॉक्टर आराधना सिंह

पंचकूला, 11 अप्रैल। हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती राव ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 को मोदी सरकार का ऐतिहासिक, क्रांतिकारी और दूरदर्शी कदम बताया। उन्होंने कहा कि इस कानून से महिला नेतृत्व में विकास का नया दौर शुरू होगा। यह कानून महिलाओं को लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण देकर उन्हें निर्णय लेने वाली शक्ति के रूप में स्थापित करेगा और भारतीय राजनीति में महिलाओं की नई भूमिका तय करेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चाहते हैं कि 2029 के लोकसभा चुनाव में ही महिलाओं को पूरी भागीदारी मिले। आरती राव ने नारी शक्ति अधिनियम लाने पर पीएम मोदी का आभार जताया। आरती राव शनिवार को पंचकूला स्थित पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में पत्रकार वार्ता को संबोधित कर रही थी। मौके पर भाजपा के सह मीडिया प्रभारी नवीन गर्ग, संजय आहूजा भी मौजूद रहे।

आरती राव ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 पीएम मोदी की इच्छा शक्ति का परिणाम है, जो दशकों से लंबित था और अब साकार हो रहा है। उन्होंने कहा कि यह कानून विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण कदम है। इस कानून से महिला नेतृत्व में विकास का नया दौर शुरू होगा।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि यह कानून आधी आबादी को निर्णय प्रक्रिया में समान भागीदारी देने का मजबूत संकल्प है। मोदी सरकार का यह कदम न केवल महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण है, बल्कि समावेशी और संतुलित विकास के लिए भी आवश्यक है।

आरती राव ने वैश्विक शोध के बारे में बताते हुए कहा कि जब महिलाएं अधिक संख्या में काम करती है तो अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ती है और आय में समानता आती है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की शिक्षा और नेतृत्व से विकास अधिक टिकाऊ और समावेशी बनता है।

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार ने पिछले 12 वर्षों में महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लगभग 72 प्रतिशत घर आज महिलाओं के नाम पर हैं। विज्ञान, तकनीक, इंजीनियरिंग और गणित) में 43 प्रतिशत महिलाएं स्नातक हुई हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं को मुद्रा योजना के 69 प्रतिशत ऋण दिए गए हैं, वहीं स्टैंड-अप इंडिया योजना के 84 प्रतिशत लाभान्वित हुई हैं। महिलाएं अब केवल घर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि देश की आर्थिक प्रगति में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं।

भाजपा सरकार की योजनाओं के बारे में बोलते हुए उन्होंने कहा कि मोदी और नायब सैनी सरकार की ऐसी कई योजनाएं हैं जिनसे महिलाओं का जीवन स्तर सुधरा है। आरती राव ने कहा कि उज्ज्वला योजना के तहत 10 करोड़ से अधिक महिलाओं को गैस कनेक्शन दिए गए, जिससे धुएं से मुक्ति मिली। जल जीवन मिशन के माध्यम से करोड़ों घरों तक स्वच्छ पेयजल पहुंचा। मोदी सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत खुले में शौच की समस्या को खत्म कर महिलाओं की गरिमा और स्वास्थ्य दोनों को सुरक्षित किया है।

राजनीति के क्षेत्र में महिलाओं की हिस्सेदारी पर बोलते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि 1952 में लोकसभा में केवल 22 महिलाएं थीं जो बढ़कर 2024 में 75 हुई हैं, लेकिन यह संख्या अभी भी पर्याप्त नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्यसभा में भी महिलाओं की भागीदारी लगभग 17 प्रतिशत के आसपास है। पंचायत स्तर पर महिलाओं का प्रतिनिधित्व लगभग 46 प्रतिशत है।

उन्होंने कहा कि जब महिलाओं को नेतृत्व का अवसर मिलता है, तो वे केवल पद नहीं संभालतीं, बल्कि शासन को अधिक प्रभावी और संवेदनशील बनाती हैं। नारी शक्ति वंदन अधिनियम इसी अनुभव को राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने का प्रयास है। यह कानून महिलाओं को नीति निर्माता के रूप में स्थापित करेगा।

आरती राव ने कहा कि मोदी सरकार ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में भी मजबूत आधार तैयार किया है। करोड़ों महिलाओं के बैंक खाते खुले हैं। स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं संगठित हो रही हैं, और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। “लखपति दीदी” और “नमो ड्रोन दीदी” जैसी पहलें महिलाओं को तकनीकी और आधुनिक क्षेत्रों में आगे बढ़ा रही हैं।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का स्पष्ट कहना है कि महिला नेतृत्व वाला विकास ही भारत को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है। नारी शक्ति वंदन कानून से नीति निर्माण में महिलाओं की भागीदारी बढ़ेगी। जब महिलाएं निर्णय प्रक्रिया में होंगी, तो शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, सुरक्षा और स्वच्छता जैसे मुद्दों को अधिक प्राथमिकता मिलेगी।

उन्होंने कहा कि यह अधिनियम केवल एक कानून नहीं, बल्कि भारत के भविष्य की दिशा तय करने वाला एक निर्णायक कदम है।
पत्रकारों के सवालों के जवाब देते हुए आरती राव ने कहा कि महिलाओं को सशक्त करना पीएम मोदी का बहुत बड़ा सपना है। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम भी इस दिशा में पीएम मोदी का बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि हरियाणा की नायब सैनी सरकार भी प्रधानमंत्री मोदी के नक्शे कदम पर चल रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लाडो लक्ष्मी योजना लेकर आए हैं जिसका लाभ प्रदेश की महिलाओं को मिल रहा है।

एक अन्य सवाल पर आरती राव ने कहा कि जहां-जहां महिलाओं का नेतृत्व है वहां इकोनॉमी भी बेहतर हो रही है। शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में महिलाएं अग्रणीय भूमिका में काम रही है। उन्होंने कहा कि इससे पहले महिलाओं के लिए किसी भी सरकार ने ऐसा कदम नहीं उठाया। प्रधानमंत्री मोदी महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए कई योजनाएं लेकर आए हैं और उन्हें सिरे भी चढ़ाया है। एक अन्य सवाल पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश में डाक्टरों की कोई कमी नहीं है। पहले ही साल में हमने 1100 डाक्टरों को नियुक्त किया है।

आरती राव ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर हरियाणा की महिलाओं को भी बधाई दी। उन्होंने कहा कि हरियाणा की महिलाओं के लिए आने वाला समय सुनहरा होने वाला है, महिलाओं को और अधिक नेतृत्व का मौका भी मिलने वाला है।

 

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